बात इस साल की शुरुआत की है. बाबा गुरमीत राम रहीम की एक फ़िल्म आयी थी Hind Ka Napak Ko Jawab - MSG Lion Heart 2. फ़िल्म को लेकर बाबा का फोनिंग इंटरव्यू कर रहे थे. इधर से मेरे "नमस्ते सर" के जवाब में उनके "खुश रहो बच्चा, खूब खुश रहो" सुनकर थोड़ा अजीब लगा. हम फ़िल्म के डायरेक्टर, एक्टर का इंटरव्यू कर रहे थे, न कि बाबा का. पर, उन्होंने मुझे भी अपना भक्त ही समझा. खैर, बाबा थे, वो भी राम-रहीम वाले, तो लगा चलो मुफ्त का आशीर्वाद लेने में बुरा क्या है. लगभग आधे घंटे बात हुई और इस दौरान उन्होंने अपनी और अपने बेटी की खूब तारीफ की (उनकी बेटी भी फ़िल्म में थी). देश-दुनिया, इंसानियत और अपनी देशभक्ति फ़िल्म की जमकर डींगे हाँके. और फिर फ़ोन रखते-रखते दो-चार बार आशीर्वाद फिर से दे ही दिए.अब जब राम-रहीम का नाम बदनाम कर एक्टर बाबा बलात्कारी घोषित हो चुका है, तब लगता है कि अपने चेलों और फॉलोवर्स के साथ भी एक्टिंग ही करता होगा. बेवजह दो-चार आशीर्वाद हम भी खा लिए थे.